‘मैं फिल्म का प्रोमो शूट करने जा रही थी…तभी मेरी कार रोक ली गई। मेरा अपहरण करके छेड़छाड़ की गई। मुझे जान से मारने की धमकियां दी गई। मेरे वीडियो बनाए गए। मैं डरी हुई थी, रो रही थी…बस यही सोच रही थी कि किसी तरह जिंदा बच जाऊं।’मलयालम फिल्म इंडस्ट्री की मशहूर अभिनेत्री का यह बयान जब पहली बार सामने आया, तो साउथ सिनेमा ही नहीं, पूरे देश में सनसनी फैल गई। अब इसी मामले में सुपरस्टार दिलीप को 8 दिसंबर यानी सोमवार को बरी कर दिया गया है।आखिर क्या है ये पूरा मामला, चलिए जानते हैं।
यह 17 फरवरी 2017 की रात थी। शूटिंग के सिलसिले में घर से निकली अभिनेत्री कोक्या पता था कि सफर का यह रास्ता उनकी जिंदगी की सबसे डरावनी रात बन जाएगा। अभिनेत्री ने बताया कि उसकी कार में कुछ लोग जबरन घुस गए और उसका अपहरण करके घंटों तक उसके साथ असॉल्ट किया। शुरुआती जांच में जिन आरोपियों के नाम सामने आए, उन्होंने इस केस को और भी बड़ा बना दिया, क्योंकि शक की सुई मलयालम इंडस्ट्री के सुपरस्टार एक्टर दिलीप तक जा पहुंची।
घटना के तार एक्टर दिलीप से जुड़े
इस घटना के तुरंत बाद पुलिस हरकत में आई। आरोपियों की गिरफ्तारी हुई, चार्जशीट दाखिल हुई और केस ने अदालत का रुख किया। जांच एजेंसियों ने दावा किया कि यह सब एक सोची-समझी साजिश के तहत हुआ। मुख्य आरोपी पल्सर सुनी पर पूरे अपराध की साजिश और अंजाम का आरोप लगा, जबकि दिलीप पर पर्दे के पीछे से साजिश रचने का शक जताया गया। पल्सर सुनी सुपरस्टार दिलीप का ही ड्राइवर था।उसके और दिलीप के साथ मुकदमे का सामना करने वाले लोगों में मार्टिन एंटनी, मणिकंदन बी, विजेश वीपी, सलीम एच उर्फ वदिवल सलीम, प्रदीप, चार्ली थॉमस, सनीलकुमार उर्फ मेस्थिरी सनील और जी सारथ शामिल थे।



