समस्तीपुर के एक बीएड कॉलेज में पांच दिवसीय प्रशिक्षण लेने पहुंची एक फर्जी शिक्षिका को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। कथित शिक्षिका किसी अन्य शिक्षिका के नाम पर फर्जी तरीके से प्रशिक्षण में शामिल होने पहुंची थी। बायोमेट्रिक सत्यापन के दौरान बार-बार मिसमैच होने पर कॉलेज कर्मियों को संदेह हुआ।
कॉलेज प्रशासन ने दिखाई सतर्कता
संदेह होने पर कॉलेज कर्मियों ने महिला से पूछताछ की, जिसमें उसकी पहचान संदिग्ध पाई गई। इसके बाद कॉलेज की प्राचार्या डॉ. पवन सिंह ने तत्काल शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और स्थानीय मुफस्सिल थाना को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तार महिला की पहचान और मामला
गिरफ्तार महिला की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के लगुनिया रधुकंठ निवासी कृष्णा कुमार की पत्नी सोनी कुमारी के रूप में की गई है। जानकारी के अनुसार, विभूतिपुर प्रखंड के प्राथमिक उर्दू विद्यालय आलमपुर की शिक्षिका हीना परवीन को इस पांच दिवसीय प्रशिक्षण में शामिल होना था, लेकिन उनकी जगह सोनी कुमारी प्रशिक्षण लेने पहुंची थी।
पूछताछ में सामने आई साजिश
रजिस्ट्रेशन कार्य के दौरान संदेह गहराने पर कड़ाई से पूछताछ की गई, जिसमें महिला ने अपना सही नाम स्वीकार किया। पूछताछ में उसने बताया कि पैसों के लालच में उसे प्रशिक्षण में शामिल होने के लिए भेजा गया था। उसने बताया कि अनीता नाम की महिला ने उसे ट्रेनिंग के लिए भेजा था, जो स्वयं शिक्षिका नहीं है।
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पुलिस की कार्रवाई और एफआईआर की प्रक्रिया
इसके बाद कॉलेज प्रशासन ने महिला को मुफस्सिल थाना पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने अनीता नामक महिला से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उससे संपर्क स्थापित नहीं हो सका। कॉलेज प्राचार्य डॉ. पवन सिंह के आवेदन पर प्राथमिक उर्दू विद्यालय आलमपुर की शिक्षिका हीना परवीन, फर्जी तरीके से ट्रेनिंग लेने पहुंची सोनी कुमारी और अनीता कुमारी के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन दिया गया है।
जेल भेजने की प्रक्रिया, जांच जारी
गिरफ्तार महिला का मेडिकल परीक्षण कराने के बाद उसे जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। इस संबंध में सदर एसडीपीओ-1 सह प्रभारी एसपी संजय कुमार पांडेय ने बताया कि फर्जी शिक्षिका को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है और मामले के अन्य पहलुओं की जांच जारी है।
