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Year Ender 2025: दो दशकों का इंतजार पूरा, मगर कुछ दूर ही चली पटना मेट्रो; नए साल के पहले महीने से असल फायदा

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Year Ender 2025: दो दशकों का इंतजार पूरा, मगर कुछ दूर ही चली पटना मेट्रो; नए साल के पहले महीने से असल फायदा

इस साल पटनावासियों को मेट्रो की सौगात मिली। अक्टूबर में मेट्रो की शुरुआत के बाद अब तक सवा लाख से अधिक यात्री सफर कर चुके हैं। हालांकि, यह पूरी तरह से शुरू नहीं हो पाई। अभी भूतनाथ से पाटलिपुत्र बस टर्मिनल (आईएसबीटी) तक मेट्रो चल रही है। इस रूट की लंबाई करीब 4.1 से 4.5 किलोमीटर है। इस सेक्शन पर तीन स्टेशन बनाए गए हैं: भूतनाथ, जीरा मोइल, पाटलिपुत्र बस टर्मिनल। इसके बाद मलाही पकड़ी और खेमनीचक तक मेट्रो का विस्तार करने की दिशा में कवायद तेज कर दी गई। मलाही पकड़ी स्टेशन का काम पूरा हो चुका है। इससे पहले खेमनीचक मेट्रो का काम पूरा होना था। लेकिन, अब तक काम पूरा नहीं हो पाया है।

अब संभावना है नए साल के पहले महीने यानी जनवरी में खेमनीचक मेट्रो स्टेशन का काम पूरा हो जाएगा। दोनों को भूतनाथ से जोड़ने का काम चल रहा है। जनवरी के अंतिम सप्ताह तक पाटलिपुत्र बस टर्मिनल से मलाही पकड़ी तक मेट्रो सेवा शुरू करने की तैयारी है। मेट्रो प्रबंधन का कहना है किपरीक्षण, सिग्नलिंग और सुरक्षा मूल्यांकन की प्रक्रियाअंतिम चरण में है। इसके बादसंचालन की अनुमति मिलने पर सेवा शुरू कर दी जाएगी। इससे पहले फेज मेंकुल परिचालन लंबाई बढ़कर करीब 6.10 किलोमीटर हो जाएगी। वहीं मलाही पकड़ी से राजेंद्र नगर तक अंडरग्राउंड मेट्रो लाइन का निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा है। जुलाई 2026 इसे पूरा करने का लक्ष्य है। इसके अलावा राजेंद्र नगर से पटना विश्वविद्यालय तक अंडरग्राउंड सेक्शन के लिए ट्रैक बिछाने की कवायद भी तेज कर दी गई है।

इधर,पटना में मेट्रो नेटवर्क के विस्तार में कुछ अहम बाधाएं भी सामने आ रही हैं। मलाही पकड़ी से राजेंद्र नगर स्टेडियम के बीच अंडरग्राउंड मेट्रो को लेकर आयुर्वेदिक कॉलेज के हर्बेरियम गार्डन से गुजरने पर एनओसी का पेंच फंसा हुआ है। जब तक एनओसी नहीं मिलती, इस सेक्शन का काम आगे बढ़ना मुश्किल माना जा रहा है। वहीं, खेमनीचक सेक्शन को पूरा करने में भी करीब छह महीने का समय लगने का अनुमान है। अधिकारियों के मुताबिक इन अड़चनों के दूर होने के बाद काम में तेजी आएगी और मौजूदा गति को देखते हुए 2028 तक पूरे पटना में मेट्रो नेटवर्क चरणबद्ध तरीके से पूरा होने की उम्मीद है।

भूतनाथ स्टेशन से फिर दौड़ी मेट्रो ट्रेन, तकनीकी खराबी दूर होने के बाद सेवाएं बहाल

रेड लाइन कॉरिडोर मेंइन स्टेशनों की चर्चा

इधर, पटना मेट्रो को लेकर बड़ी अपडेट सामने आई है। मेट्रो परियोजना के तहत कुल 26 स्टेशनों के नाम और उनका स्वरूप (एलिवेटेड या भूमिगत) आधिकारिक तौर पर सामने आ गया है। हालांकि पटना मेट्रो प्रबंधन की ओर से इसकी पुष्टि नहीं की गई है। लेकिन, सोशल मीडिया पर वायरल हो रही सूची के अनुसार, रेड लाइन और ब्लू लाइन मेट्रो कॉरिडोर पर शहर के प्रमुख इलाकों को जोड़ा जाएगा। रेड लाइन कॉरिडोर में दानापुर छावनी, सगुना मोड़, आरपीएस मोड़, पाटलिपुत्र, रूपसपुर, राजा बाजार, चिड़ियाघर, विकास भवन, विद्युत भवन और पटना जंक्शन जैसे अहम स्टेशन शामिल हैं, जिनमें कई स्टेशन भूमिगत तो कुछ एलिवेटेड बनाए जाएंगे।

ब्लू लाइन मेट्रो कॉरिडोर में इन स्टेशनों की चर्चा

वहीं ब्लू लाइन मेट्रो कॉरिडोर में पटना जंक्शन, आकाशवाणी, गांधी मैदान, पीएमसीएच अस्पताल, पटना साइंस सिटी, मोइन-उल-हक स्टेडियम, मलाही पकड़ी, खेमनीचक, भूतनाथ, जीरो माइल और न्यू आईएसबीटी जैसे स्टेशनों को शामिल किया गया है। इन स्टेशनों के निर्माण से राजधानी के व्यस्त इलाकों में आवागमन आसान होने की उम्मीद है। अधिकारियों के मुताबिक, स्टेशनों की सूची और स्वरूप तय होने से मेट्रो प्रोजेक्ट के काम में और तेजी आएगी और आने वाले समय में पटना की यातायात व्यवस्था पूरी तरह बदल जाएगी।

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